संघ- सीएमऔर संगठन की बैठक में
गाजियाबाद नगर निगम का हाउस टैक्स का मुद्दा भी रखा सीएम के समक्ष
अशोक ओझा
गाजियाबाद। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ जब राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की मेरठ प्रांत की टोली बैठी तब हर मुद्दे पर मुख्यमंत्री का ध्यान आकर्षित किया गया। एनसीआर के जिलों में पुलिस और प्रशासन पर फोकस किया गया तो, नगर निगम के हाउस टैक्स का मुद्दा भी उठा।
गुरुवार को प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, प्रदेश संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह समेत अन्य प्रमुख लोगों के साथ संघ की मेरठ प्रांत टोली की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक हुई। बैठक में संघ से 28 प्रमुख लोग उपस्थित थे जिनमें प्रांत प्रचारक अनिल कुमार, प्रांत संघ चालक प्रेम शर्मा, प्रांत कार्यवाह शिव कुमार त्यागी, क्षेत्र संघ चालक सूर्य प्रकाश टांक समेत अन्य लोग थे। संचालन शिव कुमार त्यागी ने किया।
संघ सूत्रों के अनुसार वैसे तो समय समय पर समन्वय बैठकों का आयोजन होता है, लेकिन 2027 विधानसभा चुनाव के मद्देनजर यह बैठक महत्वपूर्ण थी। सूत्र बताते हैं कि बैठक में एनसीआर के जिलों के पुलिस प्रशासन को लेकर नाराजगी जताई गई। इनके जनता के साथ व्यवहार और जन सुनवाई की स्थिति पर चिंता जताने के साथ ही भ्रष्टाचार का मुद्दा भी प्रमुख रहा। मथुरा के प्रशासन का मुद्दा उठाते हुए भी नाराज़गी व्यक्त की गई।
इसके साथ ही कहा गया कि जब सड़क निर्माण होता है उसके बाद पानी अथवा सीवर लाइन के लिए सड़कों को खोद दिया जाता है। टूटी सड़क की मरम्मत की तरफ किसी का ध्यान नहीं होता जिस कारण सरकार की छवि पर विपरीत प्रभाव पड़ता है। लोनी में सड़कों की स्थिति का मुद्दा भी उठा।
– नगर निगम के हाउस टैक्स का मुद्दा भी उठा
बैठक में गाजियाबाद नगर निगम के हाउस टैक्स का मुद्दा उठाते हुए कहा गया कि बहुत अधिक टैक्स से जनता में नाराजगी है। इस मुद्दे को प्राथमिकता से हल करने को कहा गया। जिस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्द इस पर ध्यान दिया जायेगा।
– प्रदेश अध्यक्ष को भी सलाह
बैठक में प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी एवं प्रदेश संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह को सलाह दी गई कि संगठन में जमीनी कार्यकर्ताओं को स्थान दिया जाए। पूर्व में युवा मोर्चा में रह चुके कर्मठ कार्यकर्ता की उपेक्षा न हो। जमीनी कार्यकर्ता के मामले में यदि ठीक से काम नहीं हुआ तो ऐसे कार्यकर्ता घर बैठ जाएंगे।
इसके साथ ही सड़क, बिजली, पानी, कानून व्यवस्था के मुद्दे भी उठे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ ही भाजपा के दोनों प्रदेश पदाधिकारियों ने भरोसा दिया कि उठाए गए मुद्दों पर त्वरित कार्यवाही होगी
