योजनाओं को आगे बढ़ाने की तरफ गाजियाबाद विकास प्राधिकरण का ध्यान
हरनंदीपुरम योजना के लिए 130 हेक्टेयर भूमि क्रय पर किसानों से सैद्धांतिक सहमति, डीपीआर जल्द होगी फाइनल: जीडीए उपाध्यक्ष
प्राधिकरण की आवासीय योजनाओं से अवैध कालोनियों पर लग पायेगा अंकुश: कलाल
प्राधिकरण की आवासीय योजनाओें से अवैध कालोनियोें पर लगेगी लगाम

अथाह संवाददाता,
गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने कहा कि गाजियाबाद के प्रमुख चौराहों के सौंदर्यीकरण, सड़कों के निर्माण से शहर में जाम दूर करने में बड़ी सहायता मिलेगी। इसके साथ ही प्राधिकरण की आवासीय योजनाओं से अवैध कालोनियों पर अंकुश लग पायेगा।
सोमवार को मधुबन बापूधाम स्थित एक्सपो सेंटर में मीडिया से बात करते हुए जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने कहा कि राजनगर एक्सटेंशन में सड़कों का निर्माण कार्य प्रगति पर है। इसके साथ ही आउटर रिंग रोड का निर्माण होने से भी राजनगर एक्सटेंशन समेत मेरठ रोड के जाम से राहत मिलेगी। रिंग रोड निर्माण के लिए जमीन खरीदने पर किसानों से सैद्धांतिक सहमति बन चुकी है। इस रोड के बनने से अंतर्राष्टÑीय क्रिकेट स्टेडियम तक आना- जाना भी आसान होगा। इन सड़कों में मुख्य रूप से जोनल रोड (24 मीटर) लगभग 50 फीसद कार्य पूर्ण, मार्च तक पूर्ण करने के निर्देश, जोनल रोड (18 मीटर) लगभग 30: कार्य पूर्ण कार्यदायी संस्था को गति बढ़ाने के निर्देश, जोनल रोड (45 मीटर) गौड़ कैस्केड सोसायटी से मेरठ रोड कनेक्टिविटी, जून 2026 तक लक्ष्य। जोनल रोड (30 मीटर) एमजी घरौंदा सोसायटी से भट्टा नं.-5 तक निर्माण कार्य प्रगति पर। इसके अतिरिक्त आउटर रिंग रोड से जुड़ने वाले मार्गों के समग्र विकास के लिए विस्तृत प्राक्कलन तैयार किया जा रहा है।
जीडीए उपाध्यक्ष ने कहा कि शहर के प्रमुख गोल चक्करों का ग्रीनलैंड थीम पर सौंदर्यीकरण किया जा रहा है। इससे शहर का सौंदर्य बढ़ेगा एवं जाम से मुक्ति मिलेगी। इसमें कई चौराहे सिग्नल फ्री किये जायेंगे। इसमें प्रमुख रूप से डीपीएस चौराहे से लीलावती चौराहे को सिग्नल फ्री करना एवं 800 मीटर मार्ग को मॉडल रोड के रूप में विकसित करना, हापुड़ चुंगी से डायमंड कट तक फ्लाईओवर का निर्माण कार्य तथा डायमंड कट को सिग्नल फ्री करना, मधुबन बापूधाम योजना में स्थित राउंड अबाउट का सौंदर्यीकरण, बुनकर मार्ट चौराहे पर रोटरी का निर्माण, रिवर हाईट््स चौराहा राजनगर एक्सटेंशन का सुदृढ़ीकरण व सौंदर्यीकरण, होली चाइल्ड चौराहा नेहरूनगर का सौंदर्यीकरण, हापुड़ रोड तिराहा (ठाकुरद्वारा) का सौंदर्यीकरण। यहां के जाम को समाप्त करने के लिए कंसलटेंट नियुक्त किया जायेगा। राजनगर के हिंट चौक का सौंदर्यीकरण, सेठ मुकुंद लाल चौराहे का सौंदर्यीकरण शामिल है।
हरनंदीपुरम योजना में 130 हेक्टेयर के लिए सहमति
हरनंदीपुरम योजना के संबंध में नंद किशोर कलाल ने कहा कि हरनंदीपुरम आवासीय योजना में भूमि क्रय की प्रक्रिया तेज कर दी गई। 79 हेक्टेयर भूमि क्रय की जा चुकी है जबकि 130 हेक्टेयर की सहमति प्राप्त व क्रय की प्रक्रिया में है। योजना के लिए कंसल्टेंट का चयन कर लिया गया, संशोधित डीपीआर शीघ्र प्रस्तुत की जाएगी। योजना में कुल 501 हेक्टेयर जमीन चिन्हित की गई है। योजना का कुल प्रस्तावित बजट लगभग 2,384 करोड़ है।
मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के अंतर्गत ?400 करोड़ की धनराशि गाजियाबाद विकास प्राधिकरण को प्राप्त हो चुकी है, जिससे योजना के प्रारंभिक विकास कार्यों को गति दी जा रही है।
नंद किशोर कलाल ने बताया कि प्रस्तावित क्रिकेट स्टेडियम के आसपास एरोसिटी थीम आधारित आधुनिक टाउनशिप विकसित की जाएगी। इसमें प्रस्तावित सुविधाएं इस प्रकार है उच्च स्तरीय आवासीय परिसर, वाणिज्यिक कॉम्प्लेक्स, होटल एवं हॉस्पिटैलिटी क्षेत्र, रिटेल एवं शॉपिंग जोन, खेल अकादमी, संस्थागत क्षेत्र, मल्टीलेवल पार्किंग, स्मार्ट ट्रैफिक प्रबंधन। उन्होंने कहा यह परियोजना निवेश आकर्षित करने और रोजगार सृजन में सहायक सिद्ध होगी।
हिंडन नदी तटबंध परियोजना के संबंध में जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि गाजियाबाद में बाढ़ नियंत्रण एवं नदी तट संरक्षण के उद्देश्य से हिंडन नदी के किनारे तटबंध निर्माण का प्रस्ताव स्वीकृत किया गया है। इस परियोजना के अंतर्गत नदी तटों का संरक्षण, बाढ़ नियंत्रण, तटीय क्षेत्रों में जलभराव से राहत, नदी किनारे संपर्क मार्ग का विकास, दीर्घकालिक दृष्टि से नदी किनारे रिवरफ्रंट आधारित सार्वजनिक गतिविधियों एवं हरित विकास की संभावनाओं को भी विकसित किया जाएगा।
जीडीए उपाध्यक्ष ने बताया कि थीम आधारित पार्कों का विकास भी हरित गाजियाबाद की अवधारणा के अंतर्गत किया जा रहा है। इसमें रामायण थीम पार्क (कोयल एन्कलेव) 26.26 करोड़, संस्कृति दर्शन पार्क (इंदिरापुरम) 16 करोड़, विकसित भारत पार्क (मधुबन बापूधाम) 45 करोड़, डॉ. राम मनोहर लोहिया पार्क (राजेंद्र नगर) 53 करोड़, सिटी फॉरेस्ट पार्क का पुनर्विकास होगा। लगभग 143 एकड़ क्षेत्रफल में विकसित सिटी फॉरेस्ट पार्क का लगभग 55 करोड़ की लागत से पुनर्विकास प्रस्तावित है। इसमें एडवेंचर जोन, वॉटर एक्टिविटी, जंगल स्टे, डायनासोर पार्क, फिशिंग जोन, हॉर्स राइडिंग, मेडिटेशन जोन और वॉटरफॉल जैसी सुविधाएँ विकसित की जाएंगी।
इस मौके पर जीडीए सचिव विवेक मिश्रा, अपर सचिव प्रदीप कुमार सिंह, एई जीडीए रूद्रेश शुक्ला समेत अन्य लोग उपस्थित थे।
