भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा- समाजवादी पार्टी के पास न तो नीयत है ना नीति है बस केवल राजनीति
अथाह संवाददाता
नोएडा। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एवं केन्द्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने बुधवार को नोएडा में प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए सपा व कांग्रेस द्वारा किए गए नारी शक्ति वंदन अधिनियिम के विरोध तथा परिवारवाद के संरक्षण पर हमला करते हुए कहा कि ‘महिलाएं संभालेंगी जिम्मेदारी, तो खत्म होगी पारिवारिक यारी’।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि नोएडा सिर्फ़ उत्तर प्रदेश का नहीं बल्कि देश का सबसे तेज प्रगति करने वाला शहर है. इस औद्यौगिक नगरी में हजारों कंपनियां, उद्योग- धंधे मौजूद हैं. राज्य की तरक्की का रास्ता इस शहर से होकर गुजरता है. ये तरक्की सिर्फ़ पुरुषों की बदौलत नहीं है. इस तरक्की में आधी भागीदारी महिलाओं की भी है।
चौधरी ने जोर देते हुए कहा, 2017 से पहले के हाल से हम सब वाकिफ हैं, शहरों में खुलेआम छेड़खानी आम बात थी। बहन- बेटियां बाहर निकलती थीं, तो परिवार वाले तब तक चिंतित रहते थे, जबतक वह सकुशल वापस न आ जाएं। गुंडे, माफिया, अपराधियों को लाल टोपी वालों का नैतिक समर्थन हासिल था. गुंडों के सामने प्रशासन नतमस्तक रहता था। उन्होंने उत्तर प्रदेश में आए बदलाव पर बोलते हुए कहा कि प्रदेश में 2017 में हमारी सरकार बनी, तब बदलाव दिखना शुरू हुआ. शहरों में बहन- बेटियों और कामकाजी महिलाओं की सुरक्षा के लिए अनेक प्रभावी कदम उठाए गए, प्रशासनिक जवाबदेही और सतत निगरानी बढ़ी तो शहरों का रंगरूप बदल गया।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा, अब नोएडा को देखिए,यहाँ की आईटी कंपनियों, स्टार्टअप, उद्योगों में बड़ी संख्या में बहन- बेटियाँ और महिलाएं काम करती हैं. डबल इंजन सरकार के प्रयासों से बीते नौ साल में राज्य में कामकाजी महिलाओं की संख्या 36-37 प्रतिशत हो गई है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकल्प पर बोलते हुए चौधरी ने कहा कि देश में राज्य में महिलाएँ खूब आगे बढ़ें, सामान्य परिवार की महिलाएँ भी विधायक- सांसद बन सकें. इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमारी सरकार महिला आरक्षण संशोधन विधेयक लेकर आई। क्योंकि हमारा संकल्प है कि सशक्त नारी, समृद्ध समाज, महिला आरक्षण से नया आगाज।
विपक्ष के महिला विरोधी आचरण पर बोलते हुए पंकज चौधरी ने कहा कि सपा- कांग्रेस जैसी पार्टियां, जो परिवारवाद की अमर बेल पर फलफूल रही हैं, इस बिल का विरोध किया और इसके फेल होने का जश्न मनाया। इन पार्टियों ने इस बिल का विरोध नहीं किया बल्कि इसके पीछे इन्होंने महिलाओं के जीवन में आने वाले ऐतिहासिक बदलाव का विरोध किया है। महिलाओं की सामाजिक मजबूती को डिरेल किया है। मोदी से नफरत करते ये लोग इतने बदहवास हो चुके हैं कि महिलाओं को उनके हक से वंचित करने का उत्सव मनाने पर उतारू हो गए. इन लोगों को पता है कि महिलाएं संभालेंगी जिम्मेदारी, तो खत्म होगी पारिवारिक यारी।
तीन तलाक कानून का जिक्र करते हुए चौधरी ने समाजवादी पार्टी समेत विपक्ष के अन्य दलों को आइना दिखाते हुए कहा कि ये लोग मुस्लिम महिलाओं के फर्जी पैरोकार बन रहे हैं. तब मुस्लिम महिलाओं के प्रति इनकी संवदेना कहाँ गई थी जब इन लोगों ने तीन तलाक कानून का विरोध किया। अब सदन में मुस्लिम महिलाओं के लिए अलग से आरक्षण की माँग कर रहे थे. यह सिर्फ़ इनकी एक चाल थी, क्योंकि इन्हें पता है कि धर्म के आधार पर आरक्षण संविधान की मूल भावना के खिलाफ है। इन लोगों ने इस बहाने सिर्फ़ और सिर्फ़ अपनी बांटने वाली मानसिकता का परिचय दिया था। दरअसल समाजवादी पार्टी के पास न तो नीयत है ना नीति है बस केवल राजनीति है।
पंकज चौधरी ने कहा कि सपा- कांग्रेस को दिन- रात सिर्फ़ अपने वोट बैंक की फिक्र रहती है। इन्हें महिलाओं के मान- सम्मान और उत्थान से कोई मतलब नहीं है। जब-जब मौका आया ये लोग महिलाओं के विरोध में खड़े मिले हैं। जब जब महिलाओं के उत्थान की बात आई है, इन लोगों ने उसे अटकाने- भटकाने, लटकाने का काम किया है। महिला आरक्षण बिल पर कांग्रेस से यारी निभाकर समाजवादी पार्टी ने अपनी असली चाल, चरित्र और चेहरा सबसे सामने ला दिया। इनको अपने पाप धोने का एक मौका माननीय प्रधानमंत्री जी ने दिया था, वह इन्होंने खो दिया।
भाजपा के महिला उत्थान में पूर्ण विश्वास पर उत्तर प्रदेश के पार्टी अध्यक्ष ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी महिलाओं के हक को लेकर कमिटेड है। हमारे प्रधानमंत्री ने संसद में साफ शब्दों में कहा था कि इस बिल का क्रेडिट वह इन सबको दे देंगे और अखबारों में भी विज्ञापन छपवा देंगे। उन्होंने कहा कि गृहमंत्री जी ने पूरे देश में 50 फीसदी सीटें बढ़ाने की गारंटी दे दी थी। इसके बावजूद विपक्ष ने दुष्चक्र रचकर महिलाओं की हकदारी को कुचल दिया।
चौधरी ने परिवारवादी पार्टियों पर सीधा हमला करते हुए कहा कि इन परिवारवादी पार्टियों को पता है कि देश की राजनीति में एक बार महिलाओं को 33 प्रतिशत भागीदारी का अधिकार मिल गया, तो इन पार्टियों का अंत सुनिश्चित है। उन्होंने परिवारवादी पार्टियों के नारी शक्ति वंदन बिल के विरोध के कारण पर बोलते हुए कहा कि दरअसल इन परिवारवादी पार्टियों के एजेंडे में देश के सामान्य परिवारों, मध्यम वर्ग की महिलाओं के लिए कोई जगह नहीं है. जबकि देश के हर वर्ग, हर परिवार की बहन- बेटी की सुरक्षा और समानता के अवसर देने का संकल्प प्रधानमंत्री जी के एजेंडे में है।
प्रेसवार्ता में भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं नोएडा विधायक पंकज सिंह, भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष सत्येंद्र सिसौदिया, प्रदेश महामंत्री सुभाष यदुवंश, प्रदेश प्रवक्ता अवनीश त्यागी एवं महानगर अध्यक्ष महेश चौहान समेत अन्य लोग उपस्थित थे।
